जब भी भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर और EPC सेक्टर की बात होती है, तो L&T का नाम अपने आप सामने आ जाता है। इस बार भी कुछ ऐसा ही हुआ है। देश की सबसे बड़ी इंजीनियरिंग कंपनियों में से एक Larsen & Toubro Ltd के शेयर उस समय चर्चा में आ गए, जब कंपनी ने BPCL से ₹5,000 करोड़ से ज्यादा का बड़ा EPC ऑर्डर हासिल करने की घोषणा की। यह खबर सिर्फ एक कंपनी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भारत के डाउनस्ट्रीम हाइड्रोकार्बन और पेट्रोकेमिकल सेक्टर में बढ़ती कैपेक्स एक्टिविटी का भी साफ संकेत देती है।

शेयर प्राइस में क्या दिखा असर
ऑर्डर की खबर के बाद L&T के शेयरों में हल्की लेकिन पॉजिटिव हलचल देखने को मिली। शेयर ₹4,095 के इंट्रा-डे हाई तक पहुंचे, जो पिछले क्लोज ₹4,071.50 से करीब 1% ऊपर रहा। करीब ₹5.61 लाख करोड़ के मार्केट कैप के साथ L&T भारत की सबसे वैल्यूएबल कंपनियों में शामिल है।
वैल्यूएशन की बात करें तो:
- L&T का P/E करीब 34.9
- जबकि इंडस्ट्री का औसत P/E लगभग 18.8
यह दिखाता है कि मार्केट L&T को एक प्रीमियम EPC प्लेयर के तौर पर देख रहा है।
BPCL से मिला ऑर्डर
L&T को यह ऑर्डर Bharat Petroleum Corporation Ltd से मिला है। यह ऑर्डर कंपनी के Hydrocarbon Onshore बिज़नेस से जुड़ा हुआ है और इसे L&T ने “Major Order” कैटेगरी में रखा है, यानी इसकी वैल्यू ₹5,000 करोड़ से ₹10,000 करोड़ के बीच है।
इस प्रोजेक्ट में क्या-क्या शामिल है
- Engineering
- Procurement
- Construction
- Commissioning
प्रोजेक्ट के तहत LLDPE/HDPE Swing Unit स्थापित की जाएगी, जिसमें:
- 2 ट्रेन होंगी
- हर ट्रेन की क्षमता 575 KTPA होगी
यह यूनिट मध्य प्रदेश के बीना (Bina) में लगाई जाएगी और इसके पूरा होने पर यह भारत की सबसे बड़ी LLDPE/HDPE Swing Unit बन जाएगी।
Bina Refinery Expansion से क्यों है जुड़ा
यह प्रोजेक्ट BPCL के Bina Petrochemicals and Refinery Expansion Project का अहम हिस्सा है। इस एक्सपैंशन के बाद:
- रिफाइनरी की क्षमता 7.8 MMTPA से बढ़कर करीब 11 MMTPA हो जाएगी
- मध्य प्रदेश को उसका पहला इंटीग्रेटेड पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स मिलेगा
यह कदम भारत को imported polymers पर निर्भरता कम करने में मदद करेगा और “Atmanirbhar Bharat” विज़न के साथ पूरी तरह मेल खाता है।
इस ऑर्डर का L&T के लिए क्या महत्व?
L&T के लिए यह सिर्फ एक और ऑर्डर नहीं है। इसके कई लेयर हैं:
- ऑर्डर बुक को मजबूत सपोर्ट
- डाउनस्ट्रीम हाइड्रोकार्बन EPC सेगमेंट में पकड़ और मजबूत
- बड़े और कॉम्प्लेक्स प्रोजेक्ट्स को समय पर और सुरक्षित तरीके से डिलीवर करने की साख
मैनेजमेंट के मुताबिक, यह ऑर्डर ग्राहकों के भरोसे को दिखाता है और आने वाले सालों में रेवेन्यू विज़िबिलिटी को और बेहतर बनाएगा।
ऑर्डर की मुख्य बातें एक नज़र में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| क्लाइंट | BPCL |
| ऑर्डर टाइप | Major EPC Order |
| अनुमानित वैल्यू | ₹5,000 – ₹10,000 करोड़ |
| प्रोजेक्ट लोकेशन | बीना, मध्य प्रदेश |
| यूनिट टाइप | LLDPE / HDPE Swing Unit |
| क्षमता | 2 × 575 KTPA |
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस कैसी है
L&T के हालिया नंबर्स भी मजबूत तस्वीर दिखाते हैं।
Q2 FY26 में:
- रेवेन्यू: ₹67,984 करोड़ (YoY करीब 10% की बढ़त)
- नेट प्रॉफिट: ₹4,678 करोड़
- Q2 FY25 में नेट प्रॉफिट था ₹4,099 करोड़, यानी करीब 14% की ग्रोथ
ऑर्डर बुक की ताकत
30 सितंबर 2025 तक L&T की कुल ऑर्डर बुक:
- ₹6.67 लाख करोड़
- साल-दर-साल करीब 31% की बढ़त
जियोग्राफी के हिसाब से:
- भारत: ₹3.40 लाख करोड़
- ओवरसीज़: ₹3.27 लाख करोड़
यह बैलेंस्ड मिक्स कंपनी को किसी एक रीजन पर निर्भर होने से बचाता है।
आखिर में निवेशक क्या समझें
BPCL से मिला यह ऑर्डर दिखाता है कि:
- भारत में पेट्रोकेमिकल और रिफाइनिंग कैपेक्स फिर से रफ्तार पकड़ रहा है
- L&T जैसे बड़े EPC प्लेयर्स इस साइकल के सबसे बड़े बेनिफिशियरी हैं
मजबूत ऑर्डर बुक, लगातार फाइनेंशियल ग्रोथ और बड़े-बड़े नेशनल प्रोजेक्ट्स में हिस्सेदारी, ये सभी फैक्टर्स L&T को भारत की इंफ्रास्ट्रक्चर ग्रोथ स्टोरी का एक कोर खिलाड़ी बनाते हैं।
Disclaimer: ऊपर दिए गए विचार और सिफारिशें व्यक्तिगत विश्लेषकों या ब्रोकिंग कंपनियों की हैं, न कि "Finance Solo" की। याद रखें: यह जानकारी केवल शैक्षिक उद्देश्यों के लिए है, स्टॉक मार्केट जुआ नहीं, सही जानकारी और धैर्य से ही कमाई होती है| हमेशा खुद की रिसर्च करें य एक्सपर्ट की सलाह लें!













